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Adhyāya 13 — Mantra sūcī

Adhyāya Mantra First Words
13 1 दृशानो रुक्म
13 2 नक्तोषासा समनसा
13 3 विश्वा रूपाणि
13 4 सुपर्णोऽसि गरुत्मा
13 5 स्तोम आत्मा
13 6 सुपर्णोऽसि गरुत्मान्दिव
13 7 अक्रन्ददग्नि स्तनयन्निव
13 8 अग्नेऽभ्यावर्तिन्नभि मा
13 9 अग्ने अङ्गिर
13 10 पुनरूर्जा निवर्तस्व
13 11 सह रय्या
13 12 आ त्वाहार्षमन्तरभूर्ध्रुवस्तिष्ठा
13 13 उदुत्तम वरुण
13 14 अग्रे बृहन्नुषसामूर्ध्वो
13 15 हस शुचिषद्वसुरन्तरिक्षसद्धोता
13 16 सीद त्व
13 17 अन्तरग्ने रुचा
13 18 शिवो भूत्वा
13 19 दिवस्परि प्रथम
13 20 विद्मा ते
13 21 समुद्रे त्वा
13 22 अक्रन्ददग्नि स्तनयन्निव
13 23 श्रीणामुदारो धरुणो
13 24 विश्वस्य केतुर्भुवनस्य
13 25 उशिक्पावको अरति
13 26 दृशानो रुक्म
13 27 यस्ते अद्य
13 28 आ त
13 29 त्वामग्ने यजमाना
13 30 अस्ताव्यग्निर्नरा सुशेवो
13 31 समिधाग्नि दुवस्यत
13 32 उदु त्वा
13 33 प्रेदग्ने ज्योतिष्मान्
13 34 अक्रन्ददग्नि स्तनयन्निव
13 35 प्र प्रायमग्निर्भरतस्य
13 36 आपो देवी
13 37 अप्स्वग्ने सधिष्टव
13 38 गर्भो अस्योषधीना
13 39 प्रसद्य भस्मना
13 40 पुनरासद्य सदनमपश्च
13 41 पुनरूर्जा निवर्तस्व
13 42 सह रय्या
13 43 बोधा मे
13 44 स बोधि
13 45 पुनस्त्वादित्या रुद्रा
13 46 अपेत वीत
13 47 सज्ञानमसि कामधरण
13 48 अय सो
13 49 अग्ने यत्ते
13 50 अग्ने दिवो
13 51 पुरीष्यासो अग्नय
13 52 इळामग्ने पुरुदस
13 53 अय ते
13 54 चिदसि तया
13 55 लोक पृण
13 56 ता अस्य
13 57 इन्द्र विश्वा
13 58 समित सकल्पेथा
13 59 स वा
13 60 अग्ने त्व
13 61 भवत न
13 62 मातेव पुत्र
13 63 असुन्वन्तमयजमानमिच्छ स्तेनस्येत्यामन्विहि
13 64 नम सु
13 65 यस्यास्ते घोर
13 66 य ते
13 67 निवेशन सगमनो
13 68 सीरा युञ्जन्ति
13 69 युनक्त सीरा
13 70 शुन सु
13 71 घृतेन सीता
13 72 लाङ्गल पवीरवत्सुशेव
13 73 काम कामदुघे
13 74 विमुच्यध्वमघ्न्या देवयाना
13 75 सजूरब्दो अयवोभि
13 76 या ओषधी
13 77 शत वो
13 78 ओषधी प्रति
13 79 ओषधीरिति मातरस्तद्वो
13 80 अश्वत्थे वो
13 81 यत्रौषधी समग्मत
13 82 अश्वावती सोमावतीमूर्जयन्तीमुदोजसम्
13 83 उच्छुष्मा ओषधीना
13 84 इष्कृतिर्नाम वो
13 85 अति विश्वा
13 86 यदिमा वाजयन्नहमोषधीर्हस्त
13 87 यस्यौषधी प्रसर्पथाङ्गम्ङ्ग
13 88 साक यक्ष्म
13 89 अन्या वो
13 90 या फलिनीर्याअफला
13 91 मुञ्चन्तु मा
13 92 अवयती समवदन्त
13 93 या ओषधी
13 94 या ओषधी
13 95 याश्चेदमुपशृण्वन्ति याश्च
13 96 नाशयित्री बलासस्यार्शस
13 97 मा वो
13 98 ओषधय सवदन्ते
13 99 त्वा गन्धर्वा
13 100 त्वमुत्तमास्योषधे तव
13 101 मा मा
13 102 अभ्या वर्तस्व
13 103 अग्ने यत्ते
13 104 इषमूर्जमहमित आदमृतस्य
13 105 अग्ने तव
13 106 पावकवर्चा शुक्रवर्चा
13 107 ऊर्जो नपाज्जातवेद
13 108 इरज्यन्नग्ने प्रथयस्व
13 109 इष्कर्तारमध्वरस्य प्रचेतस
13 110 ऋतावान महिष
13 111 आप्यायस्व समेतु
13 112 स ते
13 113 आप्यायस्व मदिन्तम
13 114 आ ते
13 115 तुभ्य ता
13 116 अग्नि प्रियेषु